रावण के कितने पुत्र थे और उनके क्या नाम है? | Ravan Ke Putra Kitne The

Ravan Ke Putra Kitne The: लंकापति रावण को वेदों के अनुसार महान विद्वान कहा जाता है लेकिन रावण के अहंकार ने रावण का पूरी तरह विनाश कर दिया था, लंकापति रावण भगवान शिव का बहुत बड़ा भक्त माना जाता है।

क्योंकि लंकापति रावण ने कठिन तपस्या के बल पर भगवान शिव से कई शक्तियां अर्जित कर ली थी, यही कारण है कि रावण को विद्वान माना जाता है, लंकापति रावण के अन्य भाई तथा उनके पुत्र भी विद्वान माने जाते हैं।

लेकिन रावण के आचरण की कमी के कारण उनके था उनके परिवार के लगातार अत्याचार बढ़ती ही जा रहे थे इसीलिए भगवान ने श्री राम के रूप में पृथ्वी पर आकर जन्म लिया था और लंका पति रावण का वध कर दिया था।

जब आप वाल्मीकि रावण को सही प्रकार से पढ़ते हैं तो बाल्मीकि रामायण से यह पता चलता है कि रावण एक अधर्मी था, क्योंकि रावण विद्वान होने के बाद भी धर्म का बिल्कुल भी पालन नहीं करता था यही रावण का सबसे बड़ा अवगुण था।

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Ravan Ke Putra Kitne The
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आज भी अधिकतर व्यक्ति रावण की बायोग्राफी के बारे में जानना चाहते हैं हालांकि आपको इस लेख में केवल रावण के कितने पुत्र थे और उनके क्या नाम थे यह जानकारी हम साझा करने वाले हैं ताकि आप भी यह जान सके कि रावण के कितने पुत्र थे और उनके क्या-क्या नाम है।


रावण के कितने पुत्र थे और उनके क्या नाम है?

सनातन ग्रंथ के अनुसार यह पता चलता है कि लंका पति रावण के सात पुत्र थे, लंकापति रावण की तीन पत्नी थी, इन तीन पत्नियों के द्वारा ही रावण को सात पुत्र प्राप्त हुए थे।

लंकापति रावण के सात पुत्रों के नाम इंद्रजीत, अतिकाय, अक्षयकुमार, नरान्तका, देवान्तक, त्रिशिरा और प्रहस्त यह हैं, रावण की यह सभी पुत्र बहुत ही बलवान तथा विद्वान भी माने जाते हैं, लेकिन यह सभी पुत्र लंकापति रावण की तरह ही अधर्मी थे, इसलिए भगवान राम ने इनका वध किया था।

लंका पति रावण की पहली पत्नी मंदोदरी था जिसके दो पुत्र थे जिनका नाम मेघनाथ और अक्षयकुमार था, लंकापति रावण की दूसरी पत्नी का नाम धन्यमालिनी था, जिनके द्वारा लंका सिटी रावण को दो पुत्र प्राप्त हुए थे जिनका नाम अतिकाय और त्रिशिरा था।

लंकापति रावण की तीसरी पत्नी का नाम कोई भी व्यक्ति नहीं जानता है क्योंकि लंकापति रावण की तीसरी पत्नी के बारे में किसी भी ग्रंथ में जिक्र नहीं किया गया, लेकिन उनके तीन पुत्र थे जिनका नाम प्रहस्था, नरान्तका और देवान्तक था।

रावण के पुत्रों के बारे में विस्तार जानें?


मेघनाथ | Meghnad

लंकापति रावण की पहली पत्नी से मेघनाथ का जन्म हुआ था, मेघनाथ मंदोदरी का सबसे बड़ा पुत्र था, हालांकि रावण के राज्य में मेघनाथ को इंद्रजीत के नाम से भी जाना जाता था क्योंकि इन्होंने देवराज इंद्र को युद्ध में हरा दिया था तब से ही लंका पति रावण इनको इंद्रजीत नाम से पुकारते थे।

लंका पति रावण का सबसे शक्तिशाली पुत्र मेघनाथ को ही माना जाता है, क्योंकि मेघनाथ के पास पाशुपतास्त्र, ब्रह्मास्त्र व वैष्णवास्त्र सहित कई सारे शक्तिशाली अस्त्र होते थे, जिनके जरिए मेघनाथ आसानी के साथ अपना युद्ध जीत जाता था, जब लंका पति रावण का भगवान श्री राम से युद्ध हुआ था तो उसे युद्ध में मेघनाथ ने एक सक्रिय भूमिका निभाई थी।


अक्षय कुमार | Akshay Kumar

लंकापति रावण की पहली पत्नी मंदोदरी का दूसरा पुत्र अक्षय कुमार था, अक्षय कुमार ने भगवान हनुमान जी को अशोक वाटिका में आने से रोका था, इसीलिए भगवान हनुमान जी ने अक्षय कुमार का वध कर दिया था।


अतिकाय | Atikaya

अतिकाय लंकापति रावण की दूसरी पत्नी धन्यमालिनी का बड़ा पुत्र था, अतिकाय मेघनाथ का छोटा भाई था, लेकिन अतिकाय ने एक बार भगवान शिव शंभू को कैलाश पर्वत पर बहुत ज्यादा क्रोधित कर दिया था।

फिर भगवान शिव ने क्रोध में आकर अपना त्रिशूल फेक लेकिन अतिकाय ने भगवान शिव शंभू के आगे हाथ जोड़कर खड़े हो गए और भगवान शिव शंभू का त्रिशूल हवा में ही रुक गया था। इसे देखकर भगवान भी बहुत खुश हो गए थे और भगवान शिव ने कहीं सारे रहस्यमई हथियारों का आशीर्वाद दे दिया था।


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नरान्तका | Narantaka

वेदों के अनुसार यह पता चलता है कि नरान्तका ने युद्ध में 720 मिलियन राक्षसों वाली सेना का नेतृत्व किया था, लेकिन एक युद्ध में वाली के पुत्र वानर राजकुमार अंगद के हाथों नरान्तका का मर गया था।


देवानंद | Devantak

देवानंद लंका पति रावण की तीसरी पत्नी के पुत्र थे, देवानंद को भी कई सारी शक्तियों का ज्ञान था लेकिन एक युद्ध के दौरान भगवान हनुमान जी के द्वारा यह मारे गए थे।


त्रिशिरा | Trishira

त्रिशिरा लंकापति रावण की दूसरी पत्नी का पुत्र था यह एक कुशल योद्धा माना जाता था, लेकिन त्रिशिरा और भगवान राम के बीच एक युद्ध हुआ था जिसमें दूसरा मारा गया था।


प्रहस्त | Prahastha

प्रहस्त लंकापति रावण की तीसरी पत्नी की संतान था, प्रहस्त बहुत ही शक्तिशाली योद्धा माना जाता था, क्योंकि यह लंकापति रावण की सेवा का मुख्य सेनापति था, लेकिन जब भगवान लक्ष्मण में और प्रहस्त में युद्ध हुआ था तो प्रहस्त की मृत्यु हो गई थी।


FAQ | रावण के कितने पुत्र थे?


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Q. रावण की कितनी औलाद थी?

A. लंकापति रावण की साथ औलाद थी।


Q. रावण की पत्नी कितनी थी?

A. लंकापति रावण की तीन पत्नी थी।


Q. रावण की सबसे बड़ी बेटा का क्या नाम था?

A. रावण के सबसे बड़े बेटे का नाम मेघनाथ था जो बहुत ही शक्तिशाली माना जाता था।


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निष्कर्ष | Ravan Ke Putra Kitne The

जब आपने इस आर्टिकल को सही प्रकार से पढ़ा है तो आपको पता चल गया होगा कि | Ravan Ke Putra Kitne The | क्योंकि इस लेख में हमने रावण के पुत्रों से जुड़ी हुई जानकारी साझा की है।

क्योंकि आज भी बहुत सारे लोगों को या नहीं पता है कि | Ravan Ke Putra Kitne The | लेकिन जब आप इस लेख को सही प्रकार से पढ़ते हैं तो आपको पता चलता है कि रावण के सात पुत्र थे।

यदि आप लंका पति रावण के बारे में और भी जानकारी हासिल करना चाहते हैं या फिर रावण के बारे में पूरी तरह जाने ना चाहते हैं तो आपको वाल्मीकि रामायण पढ़ने होगी वहां पर आपको रावण से जुड़ी सारी कहानी पता चल जाएगी।

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